पंजाब एंड महाराष्ट्र कोपरेटिव बैंक , एस बैंक और अन्य बैंक जो डूब गये है या डूबने के कगार पर है l ऐसे बैंकों में ग्राहकों का पैसा जमा होने पर भी उसको निकाल पाने अक्षम है l
ऐसे बैंकों के धन आहरण जैसी सुविधाओं को बंद कर दिया जाता है ऐसे में ग्राहकों को लम्बा इंतजार करना पड़ता है साथ ही अनेक परेशानियाँ उठानी पड़ती है l
डिपॉजिट इंश्योरेंस ऐंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन के एक्ट में प्रधानमंत्री मोदी की अध्यक्षता में हुए केंद्रीय मंत्रिमंडल की मीटिंग में इस एक्ट में बदलाव किये गए है l जिसके चलते अब ग्राहकों को उनका पैसा 90 दिन के भीतर ही दे दिया जायेगा l यदि ग्राहकों का ऐसी बैंकों में खाता है जो की डूब गया है , ऐसी स्थिति में ग्राहकों को अब लंबा इंतज़ार नहीं करना पड़ेगा l
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कैबिनेट में हुई बैठक में लिए गए फासले की जानकारी देते हुए बताया की डिपॉजिट इंश्योरेंस ऐंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन के एक्ट में संशोशन को मंजूरी दी गई है l आने वाले समय में संसद के मानसून सत्र में इस विधेयक को लाया जाएगा l
दरअसल डिपॉजिट इंश्योरेंस ऐंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन भारतीय रिज़र्व बैंक की एक सबसीडियरी संस्था है को की बैंकों में जमा धन पर बीमा उपलब्ध करवाता है l बैंकों के डूबने की दशा में जमाकर्ता को 5 लाख रूपए देने का प्रावधान है l लेकिन नियमों की लम्बी लिस्ट होने से रिज़र्व बैंक की तरफ से भी इसमें देरी होती थी l
बैंकों के डूबने के बाद यह पैसा बैंक की संपत्तियों की नीलामी के बाद दिए जाने का प्रावधान था जिसमे लम्बा वक़्त लगता है l लेकिन अब नए संसोधन के बाद 90 दिनों के अन्दर ही यह धनराशी भुगतान कर दी जाएगी l नीलामी आदि की प्रक्रिया चलती रहेगी l
ग्राहकों को इससे काफी रहत मिलेगी l बता दे की पहले जो बैंक डूब गए है उनके ग्राहक अपने ही धन के लिए परेशान है ऐसे में यह खबर काफी राहत देने वाली है
